आठ महीने की ठगी के खिलाफ लड़ाई, एसीपी प्रियाश्री पाल ने तीन घंटे में दिलाया न्याय

क्रॉसिंग रिपब्लिक थाना टीम के साथ एसीपी प्रियाश्री पाल
विभु मिश्रा 
गाजियाबाद। क्रॉसिंग रिपब्लिक इलाके में पुलिस की एक ऐसी कार्रवाई देखने को मिली है, जिसने खाकी के प्रति जनता के भरोसे को और मजबूत कर दिया है। क्रॉसिंग रिपब्लिक निवासी सौरभ श्रीवास्तव से फ्लैट के नाम पर हुई धोखाधड़ी के मामले में एसीपी प्रियाश्री पाल और उनकी टीम ने महज 180 मिनट के भीतर पीड़ित की डूबी हुई रकम वापस दिला दी। इस त्वरित न्याय से गदगद होकर पीड़ित ने पुलिस कमिश्नर को पत्र भेजकर पूरी टीम की प्रशंसा की है।  

​एक्शन में एसीपी और टीम

​पीड़ित सौरभ श्रीवास्तव ने बताया कि एक जालसाज ने फ्लैट दिलाने के नाम पर उनसे पैसे लिए थे और पिछले 8 महीनों से न तो पैसे लौटा रहा था और न ही फ्लैट दे रहा था। मामले की जानकारी मिलते ही एसीपी प्रियाश्री पाल ने सब-इंस्पेक्टर अजय सिंह और विकास कुमार गुप्ता के साथ मोर्चा संभाला और रिकॉर्ड समय में जालसाज से रकम बरामद कर ली।
एसीपी प्रियाश्री पाल

खाकी पर बढ़ा जन-विश्वास

​आमतौर पर पुलिस पर अपराधियों से साठगांठ के आरोप लगते हैं, लेकिन इस केस ने उस धारणा को पूरी तरह बदल दिया है। इस सफलता पर एसीपी प्रियाश्री पाल ने कहा कि जब पीड़ित को न्याय मिलता है और वह सराहना करता है, तो इससे पुलिस का उत्साह दोगुना हो जाता है। उन्होंने माना कि ऐसी प्रशंसा बल के लिए ऊर्जा का काम करती है।  

कमिश्नर तक पहुँची गूँज

​पीड़ित ने कमिश्नर को लिखे पत्र में टीम की पेशेवर कार्यशैली और बिना किसी दबाव के काम करने के तरीके को सराहा है। पत्र में कहा गया कि एसीपी प्रियाश्री पाल जैसे अधिकारियों की वजह से ही समाज में सुरक्षा का भाव बना रहता है। पुलिस की इस कार्यप्रणाली की चर्चा अब पूरे गाजियाबाद में हो रही है।  

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